पुलिस ने पर्स में मौजूद दस्तावेजों और उपलब्ध जानकारी के आधार पर उसके मालिक धर्मेन्द्र, निवासी रोहतक (हरियाणा), से संपर्क किया। सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पर्स सुरक्षित रूप से उन्हें वापस सौंप दिया गया।
अचानक अपना खोया हुआ पर्स वापस मिलने पर धर्मेन्द्र ने हरिद्वार पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए पुलिसकर्मियों की ईमानदारी, जिम्मेदारी और त्वरित कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि भीड़भाड़ वाले मेले में खोया सामान वापस मिलना उनके लिए किसी राहत से कम नहीं है।
कांवड़ मेले के दौरान हरिद्वार पुलिस केवल सुरक्षा व्यवस्था संभालने तक सीमित नहीं है, बल्कि श्रद्धालुओं की हर संभव सहायता कर सेवा और विश्वास की मिसाल भी पेश कर रही है। ऐसे प्रयास पुलिस और आमजन के बीच भरोसे को और मजबूत करने का काम कर रहे हैं।